आईटीआई में अत्याधुनिक प्रशिक्षण को मिली गति, कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा ने ई-व्हीकल प्रशिक्षण वाहनों को दिखाई हरी झंडी

आईटीआई में अत्याधुनिक प्रशिक्षण को मिली गति, कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा ने ई-व्हीकल प्रशिक्षण वाहनों को दिखाई हरी झंडी

देहरादून। कौशल विकास एवं सेवायोजन, पशुपालन, दुग्ध विकास, मत्स्य पालन, गन्ना विकास एवं चीनी उद्योग तथा प्रोटोकॉल मंत्री सौरभ बहुगुणा की गरिमामयी उपस्थिति में 07 जनवरी 2026 को राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई), निरंजनपुर, देहरादून से राज्य के 13 राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों के लिए मैकेनिक इलेक्ट्रिक व्हीकल ट्रेड के अंतर्गत प्रशिक्षण हेतु उपलब्ध कराए गए इलेक्ट्रिक व्हीकल एवं टाटा ऐस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।

इन वाहनों को देहरादून, हरिद्वार, पिरानकलियर, बड़कोट, चम्बा, गोपेश्वर, काशीपुर, सितारगंज, हल्द्वानी, कालाढुंगी, पिथौरागढ़, चम्पावत एवं अल्मोड़ा स्थित राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों में प्रेषित किया गया है। यह पहल आईटीआई के उच्चीकरण एवं युवाओं को भविष्य की तकनीकों से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

इंडस्ट्री पार्टनर्स के साथ 17 फरवरी 2025 को किए गए एमओयू के अंतर्गत राज्य के युवाओं की रोजगारपरकता बढ़ाने के उद्देश्य से अत्याधुनिक तकनीक से संबंधित 08 दीर्घ अवधि (1 से 2 वर्षीय) ट्रेड प्रारंभ किए जा रहे हैं, जिनमें प्रमुख रूप से मैकेनिक इलेक्ट्रिक व्हीकल, एडवांस्ड सीएनसी मशीनिंग, इंडस्ट्रियल रोबोटिक्स एवं डिजिटल मैन्युफैक्चरिंग, मैन्युफैक्चरिंग प्रोसेस कंट्रोल एवं ऑटोमेशन, कंप्यूटर एडेड मैन्युफैक्चरिंग (CAM) प्रोग्रामर, इंडस्ट्रियल इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IIoT) तकनीशियन सहित अन्य ट्रेड सम्मिलित हैं। इसके अतिरिक्त इन ट्रेडों से संबंधित 23 लघु अवधि (270 से 390 घंटे) के प्रशिक्षण कार्यक्रम भी संचालित किए जाएंगे।

चयनित संस्थानों में नाबार्ड के सहयोग से लगभग 10 हजार वर्ग फुट क्षेत्रफल की आधुनिक कार्यशालाओं का निर्माण किया जा रहा है, जिसके लिए 79.0955 करोड़ रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई है। प्रथम चरण में सितारगंज, हल्द्वानी, काशीपुर, हरिद्वार, पिरान कलियर, देहरादून एवं बड़कोट स्थित 7 राजकीय आईटीआई में निर्माण कार्य लगभग पूर्ण हो चुका है। टाटा टेक्नोलॉजी द्वारा उपकरणों की आपूर्ति भी लगभग पूरी कर ली गई है तथा इंस्टॉलेशन की प्रक्रिया प्रगति पर है। प्रशिक्षण संचालन हेतु टाटा टेक्नोलॉजी द्वारा पहले दो वर्षों तक दो प्रशिक्षक तथा तीसरे वर्ष एक प्रशिक्षक की तैनाती की जाएगी, जिससे प्रशिक्षण की गुणवत्ता सुनिश्चित हो सके।

इस अवसर पर संजय कुमार (निदेशक, प्रशिक्षण एवं सेवायोजन), अनिल सिंह (संयुक्त निदेशक, गढ़वाल मंडल), निरंजन कुमार खुगशाल (उप निदेशक) सहित विभिन्न आईटीआई के प्रधानाचार्य, प्रशिक्षकगण एवं टाटा टेक्नोलॉजी लिमिटेड की ओर से रणधीर सिंह (नॉर्थ हेड) तथा अन्य प्रतिनिधि उपस्थित रहे।

Previous post

डीएम स्वाति एस. भदौरिया की पहल पर सनेह क्षेत्र में दो दिवसीय बर्ड वाचिंग महोत्सव का होगा आयोजन; 31 जनवरी व 1 फरवरी को प्रकृति, पक्षी संरक्षण और पहचान पर केंद्रित रहेगा आयोजन

Next post

हृदय के वाॅल्वों में थी लीकेज, बिना सर्जरी के एम्स ने किया इलाज, टीईईआर तकनीक का किया उपयोग, 65 वर्षीय वृद्ध को मिला नया जीवन

Post Comment

You May Have Missed