जनपद उत्तरकाशी में धारा 163 लागू, डीएम डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट ने किये आदेश जारी

जनपद उत्तरकाशी में धारा 163 लागू, डीएम डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट ने किये आदेश जारी

उत्तरकाशी : जनपद उत्तरकाशी में  कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा शान्ति व्यवस्था भंग करने का प्रयास किया गया है, जिससे जनपद अन्तर्गत शान्ति एवं कानून व्यवस्था भंग होने की सम्भावना है। अतएव उक्त्त के दृष्टिगत, डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट, जिला मजिस्ट्रेट, उत्तरकाशी  ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा-163 के अन्तर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुये दिनांक 24 अक्टूबर 2024 की सांय से अग्रिम आदेशों तक जनपद उत्तरकाशी क्षेत्रान्तर्गत निम्नलिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के तहत निषेधाज्ञा लागू करने के आदेश किये हैं।
उक्त निषेधाज्ञा क्षेत्र में कोई भी व्यक्ति लाठी, डण्डा, चाकू, भाला आदि किसी भी प्रकार का धारदार हथियार अथवा अग्नेय शस्त्र लेकर सीमान्तर्गत प्रवेश नहीं कर सकेगा। शान्ति व्यवस्था हेतु तैनात सुरक्षाकर्मी, राजकीय ड्यूटी में लगे शिथिलांग/विकलांग कर्मचारी जिन्हें चलने हेतु डण्डे की आवश्यकता होती है, इस प्रतिबंध से मुक्त रहेगे।
  • निषेधाज्ञा क्षेत्र में 05 या 05 से अधिक व्यक्तियों के एकत्रित होने पर पूर्णतः प्रतिबन्ध होगा।
  • निषेधाज्ञा सीमान्तर्गत जनसभा/जुलुस रैली तथा सार्वजनिक बैठक करने पर प्रतिबन्ध होगा।
  • निषेधाज्ञा क्षेत्र में किसी प्रकार के ध्वनि विस्तारक यन्त्रों आदि के प्रयोग पर पूर्णतः प्रतिबन्ध होगा।
  • निषेधाज्ञा क्षेत्र में कोई भी व्यक्ति किसी के प्रति अपमानजनक भाषा या गाली गलौच या भड़काने वाले शब्दों का प्रयोग नहीं करेगा और न ही ऐसे नारे लगायेगा, जिससे किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचे या शान्ति भंग होने की सम्भावना हो।
  • निषेधाज्ञा क्षेत्र में ज्वलनशील पदार्थ हथियार तथा ऐसी कोई सामग्री परिवहन/रखने पर प्रतिबन्ध होगा, जिससे मानव जीवन अथवा सार्वजनिक सम्पत्तियों को क्षति पहुँचायी जाती है।
  • निषेधाज्ञा क्षेत्र में पांच से अधिक व्यक्ति एकत्रित नही होगें और न कोई सभा अथवा सार्वजनिक बैठक और न ही नारे आदि लगा सकेंगे।
  • कोई भी व्यक्ति उक्त वर्णित सीमान्तर्गत ऐसी कोई सामग्री अपने पास लेकर प्रवेश नहीं कर सकेगा अथवा ऐसी कोई गतिविधि नहीं करेगा, जिससे शान्ति एव कानून व्यवस्था पर किसी भी प्रकार का प्रतिकूल प्रभाव पड़ता हो।
  • सोशल मीडिया एवं इलेक्ट्रॉनिक के माध्यम से किसी भी प्रकार की अफवाहें/भ्रामक सूचनाएँ/प्रचार-प्रसार एवं व्यक्ति विशेष समुदायों के बीच साम्प्रदायिक, पारस्पारिक द्वेष भावना अथवा लोक अशान्ति फैलाने के प्रयास निषेध किये जाते है।
  • सांस्कृतिक, राजनैतिक इत्यादि अन्य किसी प्रकार के कार्यक्रम आयोजित नही करेगे।
  • निषेद्याज्ञा का उल्लंघन धारा-223 बी0एन0एस0के0 के तहत दण्डनीय अपराध होगा। 
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