एआई से आसान होगी पढ़ाई, शिक्षक अपनाएं आधुनिक तकनीक – सीडीओ वरुणा अग्रवाल

एआई से आसान होगी पढ़ाई, शिक्षक अपनाएं आधुनिक तकनीक – सीडीओ वरुणा अग्रवाल

  • आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), सिमुलेशन और गेमिफिकेशन से आसान होगी कठिन विषयों की पढ़ाई
  • डायट नई टिहरी में विद्या शक्ति केंद्र आईआईटी मद्रास की एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला, चंबा, प्रतापनगर और जाखणीधार के 50 शिक्षकों ने लिया प्रशिक्षण

टिहरी : जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट), नई टिहरी में विद्या शक्ति केंद्र, आईआईटी मद्रास द्वारा एक दिवसीय विद्या शक्ति प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में शिक्षकों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), अनुकरण आधारित तकनीक एवं खेल-आधारित शिक्षण पद्धति के माध्यम से गणित, विज्ञान और अंग्रेजी जैसे विषयों के कठिन संबोधों को सरल एवं रोचक ढंग से पढ़ाने का प्रशिक्षण दिया गया। कार्यशाला में मुख्य विकास अधिकारी वरुणा अग्रवाल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। उन्होंने प्रभारी प्राचार्य डायट दीपक रतूड़ी के साथ कार्यशाला का विधिवत शुभारंभ किया।

‎कार्यशाला में विकासखंड चंबा, प्रतापनगर और जाखणीधार के विभिन्न विद्यालयों में कक्षा 6 से 8 तक पढ़ाने वाले 50 शिक्षकों ने प्रतिभाग किया। विद्या शक्ति केंद्र आईआईटी मद्रास की ग्लोबल कन्वेनर शिवा एवं प्रोजेक्ट डायरेक्टर नागराजन ने शिक्षकों को एआई शिक्षा, सिमुलेशन और गेमिफिकेशन आधारित तकनीकों का प्रशिक्षण दिया। प्रशिक्षण के दौरान बताया गया कि आधुनिक तकनीकों के प्रयोग से गणित एवं विज्ञान सहित अन्य विषयों के कठिन संबोधों को विद्यार्थियों के लिए सरल, सहज और रुचिकर बनाया जा सकता है।

‎इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी वरुणा अग्रवाल ने कहा कि तकनीक आधारित शिक्षा आज की आवश्यकता है। एआई और डिजिटल माध्यमों का रचनात्मक उपयोग शिक्षकों को कठिन विषयों को विद्यार्थियों तक सरल तरीके से पहुंचाने में मदद कर सकता है। इस तरह के प्रशिक्षण से शिक्षकों की क्षमता बढ़ने के साथ ही विद्यार्थियों में सीखने के प्रति रुचि और जिज्ञासा भी विकसित होगी।

‎विद्या शक्ति केंद्र आईआईटी मद्रास की ग्लोबल कन्वेनर शिवा एवं प्रोजेक्ट डायरेक्टर नागराजन ने बताया कि केंद्र द्वारा संपूर्ण देश में प्रत्येक वर्ष नवंबर माह में कक्षा 6 से 8 तक के विद्यार्थियों के लिए टैलेंट सर्च परीक्षा आयोजित की जाती है। परीक्षा में प्रत्येक राज्य के शीर्ष 25 विद्यार्थियों एवं उनके शिक्षकों को आईआईटी मद्रास आमंत्रित किया जाता है। प्रत्येक वर्ष 13-14 अप्रैल को आईआईटी मद्रास में दो दिवसीय कार्यशाला आयोजित कर चयनित विद्यार्थियों एवं उनके शिक्षकों को सम्मानित किया जाता है।

‎कार्यशाला में समन्वयक डायट वीर सिंह रावत, डॉ. विजय किशोर, डीपी जोशी, सुरेंद्र मोहन, रमेश डंगवाल, उदय मनवाल, लक्ष्मण रावत, संजय बिष्ट, नंदा चौहान, संगीता चौहान, विजयलक्ष्मी, रंजीत सिंह, सुनील कोठारी, नोमिता उनियाल, नीलम बागड़ी, दीपक बहुगुणा सहित अन्य शिक्षक उपस्थित रहे।

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